मणिकर्णिका घाट मामला: स्वामी जितेंद्रानंद बोले- काशी में मंदिर तोड़े जाने की बात करना निचले स्तर की राजनीति
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अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: प्रगति चंद
Updated Tue, 20 Jan 2026 11:27 AM IST
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सार
Varanasi News: वाराणसी में मंदिर तोड़े जाने का एआई जनरेटेड वीडियो वायरल होने के मामले में कमिश्नरेट की पुलिस सख्त हो गई है। कई लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। इसी बीच इस मामले पर काशी के संतो की भी प्रतिक्रिया आने लगी है।
कुंभा महादेव मंदिर पहुंचे संत स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती व सीईओ विश्व भूषण मिश्र
– फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
वाराणसी में मणिकर्णिका घाट मामले को लेकर देशभर में सियासत गर्माया हुआ है। एआई जनरेटेड वीडियो साझा किए जाने के मामले को लेकर सभी दलों के नेता व अधिकारी मौके पर पहुंचकर मुआयना कर रहे हैं। इसी क्रम में मंगलवार की सुबह कुंभा महादेव के मंदिर में सिद्ध हिंदू संत स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान उनके साथ श्रीकाशी विश्वनाथ धाम के मुख्य कार्यपालक अधिकारी विश्व भूषण मिश्र भी मौजूद रहे।
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कुंभा महादेव मंदिर का निरीक्षण करते हुए स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती ने कहा कि एआई जनरेटेड वीडियो साझा करके लोगों को भ्रमित करना बहुत निचले दर्जे की राजनीति है। काशी में मंदिर तोड़े जाने की बात करना एक गहरा षणयंत्र है। जिस प्रधानमंत्री ने 500 वर्षों के संघर्ष के बाद राम मंदिर का निर्माण कराने से लेकर विंध्य धाम कॉरिडोर का निर्माण कराया, उस प्रधानमंत्री पर इस तरह का अक्षेप लगाना ये औरंगजेब है।
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